विश्व में असहाय और जरूरतमंद परिवारों की मदद के उद्देश्य से संत रामपाल जी महाराज द्वारा चलाई जा रही अन्नपूर्णा मुहिम के तहत 30 अगस्त को मध्य प्रदेश के रायसेन जिले के एक छोटे से गांव मऊ पथरई में एक बेसहारा परिवार को राशन सामग्री वितरित की गई। परिवार में कमाने वाले मुख्य सदस्यों के न होने के कारण यह परिवार आर्थिक तंगी से गुजर रहा था, ऐसे में मिली इस राहत से परिवार के चेहरे पर खुशी छाई है।
इस परिवार की स्थिति बेहद दयनीय है। परिवार में दादी के पति और बेटे (बच्चों के पिता) दोनों का देहांत हो चुका है। लगभग 5 वर्ष पूर्व बेटे का निधन होने के बाद से घर में केवल 5 सदस्य, 60 वर्षीय मुखिया बल्लो बाई (दादी), उनकी बहू बबीता बाई जो बोलने में असमर्थ हैं। पोती साक्षी (14 वर्ष), पोता लकी (11 वर्ष) और 5 वर्षीय छोटी पोती सोनाक्षी रह रहे हैं।
परिवार के पास न तो कोई खेती-किसानी के लिए ज़मीन है और न ही आय का कोई अन्य साधन। घर का पूरा गुजारा दादी और बहू को मिलने वाली कुल 1,200 रुपये की सामाजिक सुरक्षा पेंशन के सहारे ही चल रहा था।
30 अगस्त को अन्नपूर्णा मुहिम के माध्यम से इस परिवार को खाद्य सामग्री के साथ सभी सदस्यों को दो-दो जोड़ी कपड़े प्रदान किए गए। राशन सामग्री मिलने से परिवार को दैनिक जरूरतों को पूरा करने में बड़ी राहत मिली है। स्थानीय लोगों ने इस मानवीय पहल की सराहना की है।